
देहरादून।
देहरादून में निर्वाचन प्रक्रिया और विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर कांग्रेस द्वारा उठाए जा रहे सवालों पर महापौर सौरभ थपलियाल ने पलटवार करते हुए इसे पूरी तरह तथ्यहीन करार दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि निर्वाचन आयोग द्वारा जारी SIR के आदेश को सर्वोच्च न्यायालय पहले ही वैधानिक प्रावधानों के अनुरूप और वैध ठहरा चुका है, ऐसे में बिना किसी आधिकारिक दस्तावेज के संवैधानिक संस्थाओं, सेना की कार्रवाई और चुनावी प्रक्रिया पर भ्रम फैलाना गैर-जिम्मेदाराना राजनीति है। महापौर ने प्रशासनिक पत्रों, BLO की कार्यप्रणाली और मतदाता सूची संशोधन प्रक्रिया को लेकर कांग्रेस द्वारा खड़े किए जा रहे 5 मुख्य मुद्दों पर कड़ा ऐतराज जताते हुए कहा कि राहुल गांधी और कांग्रेस पार्टी को हर विषय पर अनर्गल बयानबाजी करने के बजाय अपनी बातों के ठोस तथ्य और प्रमाण जनता के सामने रखने चाहिए, क्योंकि लोकतंत्र में जनता सर्वोच्च है और 2027 के चुनावों में वह केवल आरोपों की राजनीति करने वालों से इसका हिसाब जरूर मांगेगी।




