
देहरादून, 30 अगस्त।
प्रदेश के ग्राम्य विकास मंत्री गणेश जोशी ने आज अपने कैंप कार्यालय में यूआरआरडीए के अधिकारियों के साथ प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) के अंतर्गत बरसात से बाधित सड़कों की समीक्षा की।
बैठक में मंत्री जोशी ने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि बरसात के कारण अवरुद्ध हुई सड़कों को प्राथमिकता के आधार पर युद्धस्तर पर खोला जाए। ग्राम्य विकास मंत्री गणेश जोशी ने दूरभाष के माध्यम से मुख्य सचिव से दूरभाष के माध्यम से वार्ता कर बरसात में क्षतिग्रस्त एवं बह चुके पुलों के शीघ्र पुनर्निर्माण के लिए ठोस कार्यवाही करने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि इन पुलों के पुनर्निर्माण में तेजी लाई जाए ताकि ग्रामीणों को आवागमन की कठिनाइयों से शीघ्र निजात मिल सके।
बैठक में अधिकारियों द्वारा दी गई जानकारी दी गई कि प्रदेश में लगातार हो रही भारी वर्षा के चलते फिलहाल प्रदेशभर में कुल 166 सड़कें अवरुद्ध हैं, जिनमें गढ़वाल मंडल की 142 एवं कुमाऊं मंडल की 24 सड़कें शामिल हैं। वहीं, बरसात के कारण प्रदेश में अब तक कुल 07 पुल क्षतिग्रस्त हुए हैं, जिनमें से 02 पुल पूरी तरह बह गए हैं। कुमाऊं क्षेत्र के पिथौरागढ़ जनपद के धारचूला स्थित सोबला उमचिया में 01 पुल तथा गढ़वाल क्षेत्र के जनपद रुद्रप्रयाग के जखोली ब्लॉक में खोली रणधार-बधाणीताल से खोड बक्सीर-छेनागड़ मोटर मार्ग का 01 पुल बह गया है।अधिकारियों ने बताया कि सड़कों एवं पुलों की बहाली कार्य युद्धस्तर पर किया जा रहा है। गढ़वाल क्षेत्र में 91 और कुमाऊं क्षेत्र में 13 जेसीबी मशीनों को अवरुद्ध मार्गों को खोलने के कार्यों में लगाया गया है।
बैठक में यूआरआरडीए के मुख्य अभियंता संजय कुमार पाठक सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।